न्यूज अंग दस्तक | मुंगेर
जिले के नगर निगम क्षेत्र में वृद्धजनों के कल्याण और उन्हें सम्मानजनक जीवन प्रदान करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम उठाया गया है। नगर निगम द्वारा स्थापित ‘वृद्धजन आश्रय स्थल’ का विधिवत उद्घाटन मंगलवार को किया गया। जिसके साथ ही आश्रय स्थल परिसर में ‘जीविका दीदी की रसोई’ का भी शुभारंभ हुआ। यह कल्याणकारी पहल नगर आयुक्त शिवांगी दीक्षित, नगर निगम की मेयर कुमकुम देवी और उपमेयर खालिद हुसैन के कर-कमलों द्वारा संयुक्त रूप से शुरू की गई।

फीता काटकर आश्रय स्थल उद्घाटन करते नगर आयुक्त

वृद्धजनों को चादर ओढाते नगर आयुक्त शिवाक्षी दीक्षित
वृद्धजनों के स्वास्थ्य और पोषण स्तर को बेहतर बनाने में सहायक सिद्ध होगा आश्रय स्थल
वृद्धजन आश्रय स्थल का प्राथमिक उद्देश्य नगर निगम क्षेत्र के बेसहारा और जरूरतमंद वृद्धजनों को एक सुरक्षित आवास, आवश्यक देखभाल और सम्मानजनक जीवन उपलब्ध कराना है। नगर आयुक्त शिवांगी दीक्षित ने बताया कि यह सुविधा सुनिश्चित करेगी कि वृद्धजनों को समाज की उपेक्षा का शिकार न होना पड़े। इस पहल का एक महत्वपूर्ण अंग है ‘जीविका दीदी की रसोई’। नगर आयुक्त ने जोर देकर कहा कि इस रसोई के माध्यम से आश्रय स्थल में रहने वाले सभी वृद्धजनों को स्वच्छ, पौष्टिक और समयबद्ध भोजन उपलब्ध कराया जाएगा। यह व्यवस्था वृद्धजनों के स्वास्थ्य और पोषण स्तर को बेहतर बनाने में सहायक सिद्ध होगी।
मेयर कुमकुम देवी ने इस पहल को सामाजिक संवेदनशीलता का प्रतीक बताया। उन्होंने कहा कि यह दोहरे लाभ वाली व्यवस्था है: एक ओर, वृद्धजनों को नियमित नाश्ता और भोजन मिलेगा; वहीं दूसरी ओर, जीविका परियोजना से जुड़ी स्थानीय महिलाओं (दीदियों) को रोजगार का स्थायी अवसर प्राप्त होगा, जिससे उनका आर्थिक सशक्तिकरण होगा।
उपमेयर खालिद हुसैन ने विश्वास व्यक्त किया कि नगर निगम द्वारा संचालित यह आश्रय स्थल और रसोई व्यवस्था समाज के कमजोर वर्गों के लिए एक मजबूत सहारा बनेगी।
आश्रय स्थल के शुभारंभ के साथ ही, जीविका दीदी की रसोई ने अपना नियमित संचालन शुरू कर दिया है। यहाँ एक निर्धारित मेनू के अनुसार सुबह से लेकर शाम तक नाश्ता एवं भोजन की व्यवस्था की जाएगी, जिससे सभी वृद्धजनों को संतुलित आहार सुनिश्चित हो सके।
इस उद्घाटन समारोह में नगर निगम के अधिकारी, जीविका परियोजना के अधिकारी, स्थानीय जनप्रतिनिधि और बड़ी संख्या में जीविका दीदियां उपस्थित थीं। सभी ने इस महत्वपूर्ण पहल को निरंतर सफल बनाने का संकल्प लिया। मुंगेर नगर निगम की यह पहल राज्य के अन्य नगर निकायों के लिए एक प्रेरणास्रोत साबित हो सकती है।



