न्यूज अंग दस्तक। मुंगेर
साइबर अपराधियों के बढ़ते जाल के बीच मुंगेर पुलिस ने एक बार फिर अपनी तकनीकी दक्षता और सक्रियता का लोहा मनवाया है। रविवार को मुंगेर साइबर थाना की टीम ने त्वरित कार्रवाई करते हुए ठगी के शिकार हुए एक चिकित्सक के पैसे वापस कराकर उन्हें बड़ी राहत दी है।
क्या है पूरा मामला?
सदर अस्पताल मुंगेर में कार्यरत चिकित्सक पदाधिकारी डॉ. फैज़ बीते दिनों साइबर ठगी का शिकार हो गए थे, जिसमें उनके खाते से 20,000 रुपये अवैध रूप से उड़ा लिए गए थे। घटना के तुरंत बाद उन्होंने इसकी शिकायत मुंगेर साइबर थाना में दर्ज कराई। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर साइबर सेल ने तकनीकी अनुसंधान शुरू किया।
पुलिस की तकनीकी दक्षता आई काम
साइबर थाना की टीम ने आधुनिक उपकरणों और बैंकिंग गेटवे के साथ बेहतर समन्वय स्थापित करते हुए ठगी गई राशि को ट्रैक किया। पुलिस की सक्रियता के कारण अपराधियों द्वारा ट्रांजेक्शन को पूर्ण रूप से भुनाने से पहले ही उसे फ्रीज करवा दिया गया, जिसके परिणामस्वरूप आज डॉ. फैज़ के खाते में पूरी राशि सफलतापूर्वक वापस आ गई।
अपनी मेहनत की कमाई वापस पाकर डॉ. फैज़ ने पुलिस प्रशासन के प्रति आभार व्यक्त किया है। उन्होंने अपने बयान में कहा:
“मैं मुंगेर पुलिस और साइबर थाना की टीम का तहे दिल से शुक्रिया अदा करता हूँ। जब मेरे पैसे कटे थे, तो मुझे लगा था कि अब ये वापस नहीं मिलेंगे। लेकिन पुलिस ने जिस पेशेवर अंदाज में काम किया और लगातार मेरे संपर्क में रही, उसी का नतीजा है कि आज मेरे 20,000 रुपये वापस मिल गए हैं। यह कार्रवाई आम जनता का पुलिस पर भरोसा बढ़ाती है।”
सावधान रहें, सुरक्षित रहें
मुंगेर पुलिस ने इस सफलता के साथ ही आम नागरिकों से अपील की है कि किसी भी प्रकार की साइबर ठगी होने पर तुरंत 1930 पर कॉल करें या नजदीकी साइबर थाना को सूचित करें। समय पर दी गई सूचना ही पैसे वापसी की संभावना को बढ़ाती है।



