न्यूज अंग दस्तक | मुंगेर
वर्षों से चले आ रहे चर्चित AK-47 राइफल तस्करी मामले में आज मुंगेर की विशेष अदालत ने एक अहम फैसला सुनाया। पर्याप्त साक्ष्यों और ठोस सबूतों की कमी के कारण कोर्ट ने इस मामले में नामजद 10 आरोपियों को बाइज्जत बरी करने का आदेश दिया है। यह मामला साल 2018-19 का है, जब मुंगेर से भारी मात्रा में सेना के ऑर्डनेंस डिपो से गायब की गई एके-47 राइफलें बरामद हुई थीं।
बचाव पक्ष के वकीलों ने तर्क दिया कि पुलिस द्वारा पेश किए गए गवाह और साक्ष्य आरोपियों के खिलाफ अपराध सिद्ध करने में विफल रहे। हालांकि, इस फैसले के बाद पुलिस महकमे में हलचल तेज हो गई है। अभियोजन पक्ष अब इस फैसले के खिलाफ उच्च न्यायालय में अपील करने पर विचार कर रहा है। यह मामला मुंगेर के इतिहास का सबसे बड़ा हथियार तस्करी का मामला माना जाता है, जिसने राष्ट्रीय स्तर पर सुर्खियां बटोरी थीं



