न्यूज अंग दस्तक | मुंगेर
बिहार के मुंगेर जिले में पुलिस महकमे के भीतर अनुशासन और ईमानदारी की एक नई मिसाल पेश करते हुए पुलिस अधीक्षक (SP) सैयद इमरान मसूद ने सख्त तेवर दिखाए हैं। पुलिस की छवि धूमिल करने वाले तत्वों के खिलाफ एसपी ने जो कड़ा रुख अपनाया है, उससे पूरे महकमे में हड़कंप मचा हुआ है।

प्रेस को जानकारी देते एसपी सैयद इमरान मसूद
क्या है पूरा मामला?
घटना नया रामनगर थाना अंतर्गत पाटम इलाके की है। एसपी इमरान मसूद को सूचना मिली कि मुफस्सिल थाने की QRT (Quick Response Team) के कुछ सिपाही बिना किसी उच्चाधिकारी को सूचना दिए, सादे लिबास में छापेमारी करने पहुँच गए। आरोप है कि ये सिपाही शराब तस्करों को पकड़ने के नाम पर अवैध वसूली (Extortion) का खेल रच रहे थे।
वसूली के चक्कर में घिरे सिपाही, ग्रामीणों ने की धुनाई
एसपी ने बताया कि सिपाही सुरेंद्र और उसके साथी बिना किसी आधिकारिक आदेश के सिविल ड्रेस में पाटम गए थे। वहां उन्होंने कुछ लोगों को पकड़ा और डरा-धमका कर अवैध वसूली का प्रयास किया। शक होने पर जब ग्रामीणों ने विरोध किया, तो मामला बढ़ गया और ग्रामीणों ने सिपाहियों के साथ मारपीट कर दी। इस झड़प में एक सिपाही जख्मी भी हुआ है, जिसका इलाज चल रहा है।
एसपी की कड़क कार्रवाई: सबूत मिलते ही सिपाही गिरफ्तार
एसपी इमरान मसूद ने इस मामले की जांच के लिए एसडीपीओ सदर के नेतृत्व में टीम गठित की। जांच में चौकाने वाले तथ्य सामने आए। सिपाही सुरेंद्र के मोबाइल की जांच करने पर वसूली की नीयत और संदिग्ध गतिविधियों के पुख्ता सबूत मिले। एसपी ने त्वरित कार्रवाई करते हुए सिपाही सुरेंद्र को गिरफ्तार करने का आदेश दिया और अन्य तीन सिपाहियों के खिलाफ भी विभागीय जांच शुरू कर दी है।
सुनिए एसपी ने क्या बयान दिया है
“गलत आचरण बर्दाश्त नहीं किया जाएगा” – एसपी
एसपी ने कड़े शब्दों में चेतावनी देते हुए कहा कि पुलिस बल में रहकर अनुशासनहीनता और अवैध गतिविधियां किसी भी सूरत में बर्दाश्त नहीं की जाएंगी। उन्होंने स्पष्ट किया कि चाहे वो सिपाही हो या कोई अन्य पदाधिकारी, नियम विरुद्ध काम करने वालों पर कानून का डंडा चलेगा।
मुंगेर एसपी के इस साहसी और निष्पक्ष कदम की जनता सराहना कर रही है। इससे यह संदेश गया है कि रक्षक अगर भक्षक बनने की कोशिश करेंगे, तो कानून उन्हें भी नहीं बख्शेगा।



